Tiranga Shayari in Hindi - तिरंगा शायरी

Tiranga Shayari in Hindi

(1)
लहराएगा तिरंगा अब सारे आसमान पर,
भारत का ही नाम होगा सबकी जुबान पर,
ले लेंगे उसकी जान या खेलेंगे अपनी जान पर,
कोई जो उठाएगा आँख हिंदुस्तान पर…


(2)
तिरंगा है आन मेरी,
Tiranga ही है शान मेरी,
तिरंगा रहे सदा ऊँचा हमारा,
तिरंगे से है धरती महान मेरी…

Tiranga Shayari 26 January

(3)
आओ तिरंगा लहराये,
आओ तिरंगा फहराये,
अपना गणतन्त्र दिवस है आया,
झूमे, नाचे, ख़ुशी मनाये…


(4)
मैं भारत बरस का हरदम अमिट सम्मान करता हूँ,
यहाँ की चांदनी मिट्टी का ही गुणगान करता हूँ,
मुझे चिंता नही है स्वर्ग जाकर मोक्ष पाने की,
तिरंगा हो कफ़न मेरा, बस यही अरमान रखता हूँ…


(5)
मोक्ष पाकर स्वर्ग में रखा क्या है,
जीवन सुख तो मातृभूमि की धरा पर है,
तिरंगा कफन बन जाये इस जन्म में,
तो इससे बाद सौभाग्य क्या है…

(6)
कुछ नशा तिरंगे की आन है,
कुछ नशा मातृभूमि की शान का है,
हम लहराएँगे हर जगह ये तिरंगा,
नशा ये हिंदुस्तान की शान का है…

Tiranga Shayari 15 August

(7)
इतनी सी बात हवाओ को बताये रखना,
रौशनी होगी चिरागों को जलाए रखना,
लहू देकर की है जिसकी हिफाजत हमने,
ऐसे तिरंगे को हमेशा अपने दिल में बसाए रखना…


(8)
इंडियन होने पर करिए गर्व,
मिलके मनाएं लोकतंत्र का पर्व,
देश के दुश्मनों को मिल के हराओ,
घर घर पर तिरंगा लहराओ…


(9)
आज शहीदों ने है तुमको, अहले वतन ललकारा,
तोड़ो गुलामी की जंजीरें, बरसाओ अंगारा,
हिन्दू-मुस्लिम-सिख हमारा, भाई-भाई प्यारा,
यह है आजादी का झंडा, इसे सलाम हमारा…


(10)
ज़माने भर में मिलते हैं आशिक कई,
मगर वतन से खूबसूरत कोई सनम नहीं होता,
नोटों में भी लिपट कर, सोने में सिमटकर मरे हैं कई,
मगर तिरंगे से खूबसूरत कोई कफ़न नहीं होता…