Rula Dene Wali Shayari - रुला देने वाली शायरी

Rula Dene Wali Shayari

(1)
जिन्दगी से अपना हर दर्द छुपा लेना,
ख़ुशी ना सही गम गले लगा लेना,
कोई कहे मोहब्बत आसान हैं,
तो उसे मेरा टूटा दिल दिखाना देना…


(2)
कुछ अजीब सा रिश्ता है,
उसके और मेरे दरमियां,
ना नफरत की वजह मिल रही है,
ना मोहब्बत का सिला…


(3)
ना रहने की ख़ुशी ना मरने का गम,
हमे सिर्फ़ हैं ना मिलने का गम,
जीत हैं इसलिए कि हमारे कहनेलायेंगे वो,
मरते नहीं इसलिए कि अकेले रह जायेंगे वो…

रुला देने वाली शायरी

(4)
वो रोए तो बहुत पर मुहँ मोड़कर रोए,
कोई तो मजबूरी होगी जो दिल तोड़कर रोए,
मेरे सामने कर मेरी तस्वीर के टुकड़े,
पता चले मेरे पीछे वो उन्हें जोड़कर रोए…


(5)
दिल से दिल की दूरी नहीं होती,
काश कोई मज़बूरी नहीं होती,
आपसे अभी मिलाने की तमन्ना है,
लेकिन कहते हैं हर तमन्ना पुरी नहीं होती…

Rula Dene Wali Shayari

(6)
उतर  के देख मेरी चाहत की गहराई में,
सोचना मेरे बारे में रात की तन्हाई में,
अगर हो जाए मेरी चाहत का एहसास तुम्हे,
तो मिलेगा मेरा अक्स तुम्हे अपनी ही परछाई में…


(7)
कितनी आसानी से कह दिया तुमने,
कि बस अब तुम मुझे भूल जाओ,
साफ साफ लफ्जो मे कह दिया होता,
की बहुत जी लिये अब तुम मर जाओ…


(8)
ये मोहब्बत के हादसे अक्सर,
दिलों को तोड़ देते हैं,
तुम मंजिल की बात करते हो,
लोग राहों में ही साथ छोड़ देते हैं…


(9)
हर धड़कन में एक राज़ होता है,
बात को बताने का भी एक अंदाज़ होता है,
जब तक ना लगे ठोकर बेवफ़ाई की,
हर किसी को अपने प्यार पर नाज़ होता है…


(10)
खुशियों से नाराज़ है मेरी ज़िन्दगी,
बस प्यार की मोहताज़ है मेरी ज़िन्दगी,
हँस लेती हूँ लोगों को दिखाने के लिए,
वैसे तो दर्द की किताब है मेरी ज़िन्दगी…