Khwab Shayari in Hindi - ख्वाब शायरी

Khwab Shayari in Hindi

(1)

खुदा का शुक्र है कि उसने ख्वाब बना दिये,
वरना तुम्हें देखने की हसरत रह ही जाती…


(2)

कोई बताएगा कैसे दफनाते हैं उनको,
वो ख्वाब जो दिल में ही मर जाते हैं…


(3)

ताबीर जो मिल जाती तो एक ख्वाब बहुत था,
जो शख्स गँवा बैठे है नायाब बहुत था,
मै कैसे बचा लेता भला कश्ती-ए-दिल को,
दरिया-ए-मुहब्बत मे सैलाब बहुत था…


(4)

ख़्वाब वैसे तो इक इनायत है,
आँख खुल जाए तो मुसीबत है…


(5)

ज़ीना मुहाल कर रखा है मेरी इन आँखों ने,
खुली हो तो तलाश तेरी बंद हो तो ख्वाब तेरे…

Heart Touching Dream Shayari

(6)

तुझे ख्वाबो में पा कर दिल का करार खो ही जाता है,
मैं जितना रोकूँ खुद को तुझसे प्यार हो ही जाता है…


(7)

आ भी जाओ मेरी आँखों के रूबरू अब तुम,
कितना ख्वावों में तुझे और तलाशा जाए…


(8)

वह मेरा सब कुछ है पर मुक़द्दर नहीं,
काश वो मेरा कुछ न होता पर मुक़द्दर होता…


(9)

देखा एक ख्वाब तो ये सिलसिले हुए
दूर तक निगाहों में हैं गुल खिले हुए
ये गिला है आपकी निगाहों से
फूल भी हो दरमियान तो फासले हुए…


(10)

कभी तुम्हरी याद आती है तो कभी तुम्हारे ख्व़ाब आते है,
मुझे सताने के सलीके तो तुम्हें बेहिसाब आते है…


(11)

तेरे ख्वाबों का भी है शौक़ तेरी यादों में भी है मज़ा,
समझ नहीं आता सोकर तेरा दीदार करूँ या
जाग कर तुम्हें याद….