Bachpan Shayari in Hindi - बचपन शायरी

Bachpan Shayari in Hindi

(1)

वो बचपन की बातें, वो बचपन की यादें
हमको हरदम बहुत ही याद आती है,
अब तो हमको बस ये देखना है बाकी,
की ये जिंदगी हमको कहाँ लेकर जाती है….


(2)

बचपन के दिन कितने अच्छे होते थे,
तब दिल नहीं सिर्फ खिलोने टूटा करते थे,
अब तो एक आंसू तक भी सहा नहीं जाता,
और बचपन में जी भरकर रोया करते थे…

Bachpan Ke Din Shayari

(3)

इतना खूबसूरत कैसे मुस्कुरा लेते हो,
इतना कातिल कैसे शर्मा लेते हो,
कितनी आसानी से जान ले लेते हो,
किसी ने सिखाया है….. बचपन से ही कमीने हो?


(4)

काग़ज़ की कश्ती थी पानी का किनारा था,
खेलने की मस्ती थी ये दिल अवारा था,
कहाँ आ गए इस समझदारी के दलदल में,
वो नादान बचपन भी कितना प्यारा था….


(5)

भीगी हुयी जिंदगी की यही कहानी है,
कुछ बचपन से नालायक था,
बाकी आप सबकी मेहरबानी है….

Bachpan Barish Shayari

(6)

ज्यादा कुछ नही बदलता उम्र बढने के साथ,
बचपन की जिद समझौतों मे बदल जाती है…


(7)

काग़ज़ की कश्ती थी पानी का किनारा था,
खेलने की मस्ती थी ये दिल अवारा था,
कहाँ आ गए इस समझदारी के दलदल में,
वो नादान बचपन भी कितना प्यारा था….


(8)

बचपन भी कमाल का था
खेलते खेलते चाहें छत पर सोयें या ज़मीन पर
आँख बिस्तर पर ही खुलती थी…..


(9)

खुदा अबके जो मेरी कहानी लिखना
बचपन में ही मर जाऊ ऐसी जिंदगानी लिखना….


(10)

हंसने की भी, वजह ढूँढनी पड़ती है अब;
शायद मेरा बचपन, खत्म होने को है.